बिना लाइसेंस चल रहे सैकड़ों गोदाम, जीएसटी और सुरक्षा नियमों की भी अनदेखी
अब्दुल गनी खान
भिवंडी: औद्योगिक नगरी भिवंडी में लगातार सामने आ रही आगजनी की घटनाओं के बावजूद अवैध भंगार गोदामों पर प्रभावी कार्रवाई नहीं हो रही है। शहर और आसपास के इलाकों में बड़ी संख्या में ऐसे भंगार गोदाम संचालित हो रहे हैं, जिनके पास न तो आवश्यक लाइसेंस हैं और न ही अग्नि सुरक्षा से जुड़े जरूरी प्रमाणपत्र। स्थानीय लोगों का कहना है कि इन गोदामों में सुरक्षा मानकों की खुलेआम अनदेखी की जा रही है, जिससे किसी बड़े हादसे की आशंका बनी हुई है।
जानकारी के अनुसार अंजुरफाटा, रहनाल, पूर्णा, कशेली, धामणकर नाका, रोशनबाग, कल्याण रोड, नदीनाका, श्रीरंगनगर और आसबीबी सहित शहर के कई इलाकों में भंगार के गोदाम बड़ी संख्या में संचालित हो रहे हैं। इन गोदामों में विभिन्न प्रकार का कबाड़ खरीदा और बेचा जाता है, लेकिन अधिकांश स्थानों पर खरीद-फरोख्त का कोई व्यवस्थित रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं रहता।
लाइसेंस और सुरक्षा मानकों पर उठ रहे सवाल
स्थानीय सूत्रों का दावा है कि कई भंगार व्यवसायियों के पास आवश्यक व्यावसायिक लाइसेंस तक नहीं हैं। नियमों के अनुसार ऐसे व्यवसायों को गोमास्ता लाइसेंस, अग्निशमन विभाग की अनुमति समेत विभिन्न विभागों से मंजूरी लेना आवश्यक होता है, लेकिन अधिकांश संचालक इन प्रक्रियाओं का पालन नहीं करते।
विशेषज्ञों का कहना है कि कबाड़ गोदामों में ज्वलनशील सामग्री बड़ी मात्रा में जमा रहती है। ऐसे में अग्निशमन उपकरणों और सुरक्षा इंतजामों का अभाव किसी भी छोटी घटना को बड़े अग्निकांड में बदल सकता है।
जीएसटी अनुपालन पर भी सवाल
सूत्रों के अनुसार कई भंगार कारोबारियों का कारोबार लाखों रुपये का होने के बावजूद उनके पास जीएसटी पंजीकरण नहीं है। इससे कर चोरी और राजस्व नुकसान की आशंका भी जताई जा रही है। हालांकि इस संबंध में संबंधित विभागों की ओर से अब तक कोई व्यापक कार्रवाई सामने नहीं आई है।
पहले भी सामने आ चुके हैं गंभीर मामले
स्थानीय लोगों का कहना है कि अतीत में भंगार गोदामों से संदिग्ध और संवेदनशील सामग्री मिलने के मामले भी सामने आ चुके हैं। ऐसे मामलों के बाद भी निगरानी और जांच व्यवस्था को लेकर सवाल उठते रहे हैं।
टेमघर की आग के बाद फिर चर्चा में मुद्दा
शुक्रवार रात टेमघर इलाके के एक भंगार गोदाम में लगी भीषण आग के बाद अवैध भंगार गोदामों का मुद्दा एक बार फिर चर्चा में आ गया है। आग से हुए नुकसान के बाद स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से शहरभर में संचालित अवैध गोदामों की जांच कर कार्रवाई की मांग की है।
पुलिस ने दिए जांच के संकेत
पुलिस सूत्रों के अनुसार वरिष्ठ अधिकारियों ने अवैध भंगार गोदामों की जांच कर आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। अब देखना यह होगा कि लगातार सामने आ रही आगजनी की घटनाओं के बाद प्रशासन और संबंधित विभाग इन गोदामों के खिलाफ कितनी सख्ती दिखाते हैं।
भिवंडी में तेजी से बढ़ते अवैध भंगार कारोबार और आगजनी की घटनाओं ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि समय रहते ठोस कार्रवाई नहीं हुई तो भविष्य में बड़ा हादसा हो सकता है।

