“जनता को न्याय नहीं मिला तो शांतिपूर्ण आंदोलन करेंगे”: पूर्व विरोधी पक्ष नेता खालिद गुड्डू
अब्दुल गनी खान
भिवंडी। नारपोली के भंडारी कंपाउंड स्थित कोहिनूर बिल्डिंग हादसे में 10 लोगों की मौत के बाद शहर में आक्रोश बढ़ता जा रहा है। इस मामले में भिवंडी मनपा के पूर्व विरोधी पक्ष नेता और नगरसेवक खालिद गुड्डू ने इसे प्रशासनिक लापरवाही का परिणाम बताते हुए मनपा आयुक्त अनमोल सागर सहित सभी जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।

खालिद गुड्डू ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्री तथा नगर विकास मंत्री एकनाथ शिंदे को लिखित शिकायत भेजकर मनपा आयुक्त अनमोल सागर को तत्काल पद से हटाने की मांग की है। उनका कहना है कि जनता की जान और सुरक्षा के मामले में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।
गौरतलब है कि भिवंडी के गंगारामवाड़ी इलाके में स्थित चार मंजिला कोहिनूर बिल्डिंग की बी-विंग गुरुवार रात करीब 11 बजे अचानक ढह गई थी। इस हादसे में अब तक 10 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि कुछ लोगों के मलबे में दबे होने की आशंका जताई गई थी।
खालिद गुड्डू ने आरोप लगाया कि यह कोई प्राकृतिक आपदा नहीं बल्कि प्रशासनिक उदासीनता और गंभीर लापरवाही का नतीजा है। उन्होंने कहा कि उक्त इमारत को भिवंडी निजामपुर शहर महानगरपालिका द्वारा पहले ही सी-श्रेणी (अत्यंत खतरनाक) घोषित किया गया था और खाली कराने के लिए कई बार नोटिस भी जारी किए गए थे। इसके बावजूद इमारत में मरम्मत का काम जारी रहा और इसी दौरान यह दर्दनाक हादसा हुआ।
उन्होंने सवाल उठाया कि मनपा आयुक्त अनमोल सागर ने 18 जून 2026 को शहर की सभी खतरनाक इमारतों का सर्वेक्षण कर उन्हें खाली कराने के निर्देश दिए थे, तो फिर इन आदेशों का पालन क्यों नहीं कराया गया? उन्होंने कहा कि केवल नोटिस जारी करना पर्याप्त नहीं है, बल्कि खतरनाक इमारतों को खाली कराने और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी प्रशासन की है।
खालिद गुड्डू ने मनपा आयुक्त के अलावा नगर अभियंता जमील पटेल, प्रभाग अधिकारी अरविंद घोगरे, संबंधित प्रभाग अभियंता और बीट निरीक्षक के खिलाफ भी कार्रवाई तथा बर्खास्तगी की मांग की है। उन्होंने आयुक्त अनमोल सागर के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर जिम्मेदारी तय करने की मांग भी की।
उन्होंने कहा कि इस हादसे के बाद भिवंडी के नागरिकों में भारी नाराजगी है। यदि प्रशासन ने जल्द और कठोर कदम नहीं उठाए तो जनता शांतिपूर्ण लोकतांत्रिक तरीके से सड़कों पर उतरकर आंदोलन करेगी।
उन्होंने वर्ष 2020 में नारपोली के पटेल कंपाउंड स्थित जिलानी बिल्डिंग हादसे का भी उल्लेख किया, जिसमें 38 से अधिक लोगों की मौत हुई थी। उन्होंने कहा कि उस घटना के बाद भी प्रशासन ने पर्याप्त सबक नहीं लिया, जिसका परिणाम आज फिर एक बड़े हादसे के रूप में सामने आया है।
खालिद गुड्डू ने बताया कि मुख्यमंत्री और नगर विकास मंत्री को शिकायत भेज दी गई है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द उचित कार्रवाई नहीं हुई तो जनता को साथ लेकर शांतिपूर्ण जनआंदोलन शुरू किया जाएगा।

