मौलाना आजाद बोर्ड का दफ्तर खोलने का आश्वासन, हफ्ते में एक दिन मिलेगा स्थानीय सहयोग

भिवंडी

भिवंडी के हजारों अल्पसंख्यक छात्र शिक्षा ऋण से वंचित, स्थानीय कार्यालय की मांग तेज


अब्दुल गनी खान
भिवंडी शहर और आसपास के हजारों अल्पसंख्यक छात्र शिक्षा ऋण और सरकारी योजनाओं के लाभ से वंचित हैं। समाजवादी पार्टी के जिला अध्यक्ष अनस अंसारी ने आरोप लगाया है कि जटिल प्रक्रिया, ठाणे तक लंबी दूरी और बिचौलियों के शोषण के कारण छात्रों का भविष्य प्रभावित हो रहा है।

उन्होंने बताया कि मौलाना आजाद अल्पसंख्यक वित्तीय निगम का स्थानीय कार्यालय न होने से छात्रों को ठाणे जाना पड़ता है, जो समय और खर्च दोनों के लिहाज से भारी पड़ता है। ऐसे में कई छात्र दलालों के माध्यम से ऋण लेने को मजबूर हैं, जिससे स्वीकृत राशि का बड़ा हिस्सा कमीशन में चला जाता है।

इस मुद्दे को लेकर समाजवादी पार्टी के प्रतिनिधिमंडल ने मुंबई में उच्चस्तरीय बैठक की। पूर्व कॉरपोरेटर शाफ मोमिन और एडवोकेट राशिद रफीक शेख ने मौलाना आजाद वित्तीय बोर्ड के चेयरमैन मुश्ताक अंतुले से मुलाकात की। यह बैठक अबू आसिम आजमी के प्रयासों से संभव हुई, जिसमें भिवंडी में शाखा या संपर्क कार्यालय खोलने पर चर्चा हुई।

प्रतिनिधिमंडल ने छात्रों की समस्याओं—दलाली प्रथा, जानकारी की कमी और दूरी—को विस्तार से रखा। इस पर चेयरमैन ने सकारात्मक रुख दिखाते हुए कहा कि यदि स्थानीय स्तर पर जरूरी इंफ्रास्ट्रक्चर उपलब्ध कराया जाता है, तो भिवंडी में कार्यालय खोला जा सकता है। साथ ही अंतरिम व्यवस्था के तहत सप्ताह में एक दिन स्टाफ भिवंडी आकर छात्रों की समस्याओं का समाधान करेगा।

अनस अंसारी ने कहा कि पार्टी छात्रों के साथ अन्याय बर्दाश्त नहीं करेगी और जल्द ही कार्यालय स्थापना के लिए आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।

शिक्षा और सामाजिक क्षेत्रों के लोगों ने इस पहल को अहम बताते हुए उम्मीद जताई है कि स्थानीय कार्यालय खुलने से न सिर्फ छात्रों को राहत मिलेगी, बल्कि लंबे समय से चल रही दलाली प्रथा पर भी रोक लग सकेगी।

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