आदर्श आचार संहिता के हुआ उल्लंघन, 26 लोगों पर पुलिस ने दर्ज किया केस
विशेष संवाददाता
भिवंडी शहर में आदर्श आचार संहिता लागू होने के बावजूद कानून-व्यवस्था को खुलेआम चुनौती देने का मामला सामने आया है। शराब के नशे में हथियार लेकर सार्वजनिक स्थान पर जमावड़ा करने और आम नागरिकों में दहशत फैलाने के आरोप में पुलिस ने 26 आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता और मुंबई पुलिस अधिनियम के धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है।
पुलिस के अनुसार भिवंडी के कोंबड़पाड़ा इलाके में स्थित गांवदेवी मंदिर के सामने और आसपास के क्षेत्र में कुछ युवक 6 जनवरी की रात करीब 12.30 बजे एकत्र होकर हंगामा कर रहे थे। सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस ने पाया कि सभी आरोपी शराब के नशे में धुत थे और उनके हाथों में लोखंडी कोयता व तलवार जैसे धारदार हथियार थे। आरोपियों की गतिविधियों से पूरे इलाके में भय और तनाव का माहौल बन गया था।पुलिस ने बताया कि शहर में मनपा चुनाव के मद्देनज़र आदर्श आचार संहिता लागू है। इसके तहत बिना अनुमति किसी भी प्रकार का जमावड़ा करना सख्त मनाही है। इसके बावजूद आरोपियों ने न केवल अवैध रूप से एकत्र होकर मनाही आदेशों का उल्लंघन किया, बल्कि पुलिस प्रशासन द्वारा जारी निषेधाज्ञा का भी खुलेआम उल्लंघन किया।जिसके तहत निजामपुरा पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए स्थिति को नियंत्रित किया और आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 4, 25, 37(2), 135 तथा मुंबई पुलिस अधिनियम की अन्य संबंधित धाराओं के तहत अपराध पंजीबद्ध किया। पुलिस ने मौके से घटना में प्रयुक्त लोखंडी हथियार भी जब्त किए हैं, जिनकी अनुमानित कीमत करीब 1,400 रुपये बताई गई है। इस मामले में सभी 26 आरोपियों के नाम प्राथमिकी में दर्ज किए गए हैं। इनमें भिवंडी, कल्याण और आसपास के इलाकों के निवासी शामिल हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आदर्श आचार संहिता के दौरान शांति व्यवस्था भंग करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है और आगे भी कोई ढिलाई नहीं बरती जाएगी।

