अब्दुल गनी खान
भिवंडी।। शहर की जर्जर सड़कों और उनसे हो रहे सड़क हादसों के खिलाफ नागरिकों ने अब खुलकर आवाज़ उठानी शुरू कर दी है। इसी कड़ी में सोमवार को भिवंडी मनपा मुख्यालय के सामने “भीख मांगो आंदोलन” आयोजित किया गया, जिसमें नागरिकों ने नगर प्रशासन से सीधा सवाल किया — “वाहन चालकों की मौत का जवाबदार कौन?”

यह अनोखा विरोध आंदोलन सामाजिक कार्यकर्ता खान फखरे आलम के नेतृत्व में आयोजित किया गया। आंदोलनकारियों ने हाथों में तख्तियां लेकर नगर पालिका प्रशासन के खिलाफ जोरदार नारेबाजी की और चेतावनी दी कि अगर जल्द ही सड़कों की मरम्मत का काम शुरू नहीं हुआ तो यह आंदोलन और उग्र रूप लेगा।
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि शहर की मुख्य सड़कों पर बड़े-बड़े गड्ढे होने के कारण आए दिन हादसे हो रहे हैं। बारिश के मौसम में तो स्थिति और भी भयावह हो जाती है। कई वाहन चालक इन सड़कों पर अपनी जान गंवा चुके हैं, लेकिन मनपा प्रशासन अब तक गहरी नींद में सोया है।
खान फखरे आलम ने कहा “शहर में विकास के नाम पर करोड़ों रुपए खर्च किए जा रहे हैं, मगर जनता को गड्ढे और मौतें ही मिल रही हैं। जब तक जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई नहीं होती, तब तक हम इस आंदोलन को जारी रखेंगे।”

आंदोलन स्थल पर नागरिकों की भारी भीड़ उमड़ी और कई सामाजिक संगठनों ने इस पहल का समर्थन किया। लोगों ने मनपा प्रशासन से तत्काल सड़कों की मरम्मत, हादसों में मारे गए वाहन चालकों के परिवारों को मुआवजा और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
भिवंडी की जनता अब एक ही सवाल पूछ रही है।
“इन मौतों का जवाबदार कौन?”
अब देखना यह होगा कि नगर प्रशासन जनता के इस गुस्से को कितनी गंभीरता से लेता है और क्या शहर की सड़कों की सच्चाई बदलने के लिए कोई ठोस कदम उठाया जाता है।

